

मंत्री, एवं वरिष्ठ नेताओं की मौजूदगी में दो दिवसीय प्रशिक्षण शिविर का शुभारंभ, बूथ प्रबंधन से लेकर राष्ट्रहित के मुद्दों पर दिया गया मार्गदर्शन।
जिला ब्यूरो, विवेक कुमार सिंह
बेतिया/वाल्मीकिनगर:- भारतीय जनता पार्टी की गोपालगंज जिला इकाई द्वारा आयोजित पंडित दीनदयाल उपाध्याय दो दिवसीय प्रशिक्षण महाअभियान का शुभारंभ शनिवार को नवनिर्मित कन्वेंशन सेंटर में भव्य रूप से हुआ। कार्यक्रम में जिले और मंडल स्तर के 500 से अधिक कार्यकर्ताओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। प्रशिक्षण शिविर का उद्घाटन बिहार सरकार के मत्स्य एवं पशुपालन मंत्री नंदकिशोर राम, भाजपा प्रदेश संगठन महामंत्री भीखू भाई दलसानिया, गोपालगंज जिला अध्यक्ष संदीप गिरी उर्फ मंटू गिरी तथा अन्य वरिष्ठ नेताओं ने दीप प्रज्वलित कर किया। कार्यक्रम की शुरुआत वंदे मातरम् और राष्ट्रगान के साथ हुई। इस अवसर पर पूर्व मंत्री जनक राम, सहित कई प्रमुख नेता उपस्थित रहे। नेताओं का अंगवस्त्र भेंट कर सम्मान भी किया गया। प्रशिक्षण शिविर को संबोधित करते हुए भाजपा प्रदेश संगठन महामंत्री भीखू भाई दलसानिया ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी एक ऐसी राजनीतिक पार्टी है, जहां जमीनी स्तर के कार्यकर्ताओं को सम्मान और नेतृत्व के अवसर मिलते हैं। उन्होंने कहा कि बूथ स्तर के कार्यकर्ता ही संगठन की असली ताकत हैं और पार्टी की सफलता उनके समर्पण पर आधारित है। वहीं मंत्री नंदकिशोर राम ने कहा कि यह प्रशिक्षण अभियान पूरे देश में चलाया जा रहा है। इसका उद्देश्य कार्यकर्ताओं को पार्टी की विचारधारा, संगठनात्मक कौशल और राष्ट्रहित से जुड़े मुद्दों पर प्रशिक्षित करना है। उन्होंने बताया कि पहले दिन पदाधिकारियों को प्रशिक्षण दिया गया, जबकि दूसरे दिन विभिन्न वर्गों के कार्यकर्ताओं को संयुक्त रूप से प्रशिक्षण दिया जाएगा। शिविर में प्रदेश स्तर के वक्ताओं ने वर्तमान राजनीतिक परिस्थितियों, सामाजिक चुनौतियों, बूथ प्रबंधन और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लोकप्रिय कार्यक्रम “मन की बात” के उद्देश्यों पर विस्तार से जानकारी दी। कार्यकर्ताओं को संगठन विस्तार और जनसंपर्क के प्रभावी तरीकों से भी अवगत कराया गया। प्रशिक्षण शिविर की एक विशेष आकर्षण गोपालगंज जिले के प्रमुख धार्मिक स्थलों की प्रदर्शनी रही। इसका उद्घाटन भीखू भाई दलसानिया, जनक राम और संदीप गिरी ने संयुक्त रूप से किया। प्रदर्शनी में पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी और वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी के विचारों को भी प्रदर्शित किया गया। प्रशिक्षण के दौरान सुरक्षा और गोपनीयता को विशेष महत्व दिया गया। केवल अधिकृत नेताओं और कार्यकर्ताओं को ही प्रवेश की अनुमति थी। मीडिया की पहुंच भी सीमित रखी गई। पार्टी सूत्रों के अनुसार प्रशिक्षण शिविर में हुई चर्चाओं और निष्कर्षों की जानकारी रविवार को समापन समारोह के दौरान सार्वजनिक की जाएगी।










