सावन के दूसरे सोमवार सोमी अमावस्या पर वृक्ष की 108 बार परिक्रमा कर सौभाग्यवती महिलाओं ने की सुख समृद्धि की कामना।

0
666

मझौलिया से राजू शर्मा की रिपोर्ट…

बेतिया/बगहा। मझौलिया प्रखंड अंतर्गत ग्रामीण क्षेत्रों में सोमी अमावस्या पर सौभाग्यवती महिलाओं ने वट वृक्ष की पूजा कर पति तथा पुत्र की दीर्घायु तथा परिवार की सुख समृद्धि की कामना की। महिलाएं सोमवार की अल सुबह हरे-पीला वस्त्र धारण कर पूजा सामग्री के साथ पीपल या वट वृक्ष के पास पहुंची तथा पूजा-अर्चना करने के बाद वृक्ष की 108 पर बार परिक्रमा की तथा अपने पति तथा पुत्र की दीर्घायु तथा परिवार की सुख समृद्धि की कामना की। इस दौरान कई जगह महिलाओं ने सोमी अमावस्या की कथाएं सुनीं तथा ब्राह्मणों को दान दक्षिणा देकर आशीर्वाद लिया। पंडित धर्मेंद्र मिश्र ने बताया कि सोमवार को पड़ने वाली अमावस्या को सोमी अमावस्या कहते हैं। गणितीय सिद्धांत के अनुसार सोमवार को अमावस्या वर्ष में एक अथवा दो बार ही हो सकता है, लेकिन समय चक्र के अनुसार अमावस्या का सोमवती होना बिल्कुल अनिश्चित है। हिदू धर्म की मान्यताओं के अनुसार, सोमवती अमावस्या का एक विशेष महत्व होता है। सोमवती अमावस्या के दिन महिलाएं तुलसी माता की 108 परिक्रमा लगाते हुए कोई भी वस्तु या फल दान करने का संकल्प लेती हैं तथा पति तथा पुत्र की दीर्घायु तथा परिवार की सुख समृद्धि की कामना करती हैं।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here